मानवता की मिसाल बनी अकलतरा पुलिस: बेघर एवं गूंगे व्यक्ति को सुरक्षित पहुंचाया आश्रय स्थल
थाना प्रभारी भास्कर शर्मा की संवेदनशील पहल की हो रही सराहना

अकलतरा। पुलिस की भूमिका केवल कानून व्यवस्था बनाए रखने तक सीमित नहीं होती, बल्कि समाज के कमजोर, असहाय और जरूरतमंद लोगों के प्रति संवेदनशीलता दिखाना भी उसकी बड़ी जिम्मेदारी होती है। ऐसा ही एक मानवीय उदाहरण जांजगीर-चांपा जिले के अकलतरा थाना क्षेत्र में देखने को मिला, जहां अकलतरा पुलिस ने एक बेघर एवं गूंगे व्यक्ति की मदद कर मानवता का परिचय दिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अकलतरा थाना क्षेत्र के फोरलेन चौक स्थित हाईवे रेस्टोरेंट के पास एक बेघर एवं बोलने में असमर्थ (गूंगा) व्यक्ति लंबे समय से भटकता हुआ नजर आया। व्यक्ति की स्थिति को देखते हुए अकलतरा थाना प्रभारी भास्कर शर्मा ने मामले को गंभीरता से लिया और तत्काल मानवीय पहल करते हुए उसकी सुरक्षा एवं उचित देखभाल की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्णय लिया।
थाना प्रभारी भास्कर शर्मा ने बिना विलंब किए कोरबा स्थित ‘अपना घर सेवा आश्रम’ के संचालक एवं छत्तीसगढ़ हेल्प वेलफेयर सोसाइटी के अध्यक्ष राणा मुखर्जी से संपर्क स्थापित किया। आवश्यक समन्वय के बाद उक्त निराश्रित व्यक्ति को सुरक्षित रूप से आश्रम पहुंचाया गया, जहां उसकी देखभाल और आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई।
बताया जा रहा है कि ‘अपना घर सेवा आश्रम’ में वर्तमान समय में 90 से अधिक निराश्रित, असहाय एवं जरूरतमंद लोगों की व्यवस्थित रूप से सेवा और देखभाल की जा रही है। ऐसे लोगों को भोजन, चिकित्सा, आश्रय और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराया जाता है, जिससे वे सम्मानपूर्वक जीवन जी सकें।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि समाज में मिलने वाले ऐसे असहाय, बेसहारा एवं जरूरतमंद व्यक्तियों को सुरक्षित वातावरण और उचित सहायता उपलब्ध कराना पुलिस की प्राथमिकताओं में शामिल है। पुलिस केवल अपराध नियंत्रण तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के हर वर्ग के प्रति अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों का भी पूरी निष्ठा से निर्वहन कर रही है।
अकलतरा थाना प्रभारी भास्कर शर्मा द्वारा की गई इस मानवीय पहल की क्षेत्रभर में जमकर सराहना हो रही है। स्थानीय लोगों ने पुलिस के इस संवेदनशील और सेवा भाव से प्रेरित कदम को समाज के लिए सकारात्मक संदेश बताया है। लोगों का कहना है कि इस प्रकार की पहलें पुलिस और जनता के बीच विश्वास को और अधिक मजबूत बनाती हैं।

अकलतरा पुलिस की यह संवेदनशील कार्यवाही यह साबित करती है कि वर्दी के पीछे केवल कानून का प्रहरी ही नहीं, बल्कि मानवता और सेवा भावना से जुड़ा एक संवेदनशील व्यक्तित्व भी मौजूद होता है।






