पकरिया झूलन में बड़ा हादसा टला: तेज बहाव में बह गई मां-बेटी, तीन युवकों ने जान पर खेलकर बचाई जिंदगी
नहर में नहाने के दौरान अचानक बढ़ा पानी का बहाव, युवकों ने बिना देर किए लगाई छलांग; साहस और सूझबूझ से दोनों को सुरक्षित निकाला

पकरिया (झूलन)। मुलमुला थाना क्षेत्र के ग्राम पकरिया (झूलन) में सोमवार को उस समय बड़ा हादसा टल गया, जब बड़े नहर मुख्य मार्ग पुल के नीचे नहाने के दौरान एक मां और उसकी बेटी अचानक तेज पानी के बहाव की चपेट में आ गईं। देखते ही देखते दोनों पानी में बहने लगीं। मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई, लेकिन इसी बीच तीन स्थानीय युवकों ने अपनी जान की परवाह किए बिना नहर में छलांग लगा दी और कड़ी मशक्कत के बाद मां-बेटी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, नहर में इस समय पानी का बहाव काफी तेज है। ऐसे में नहाने के दौरान मां-बेटी अचानक गहरे पानी और तेज धार की चपेट में आ गईं। दोनों को बहते देखकर मौके पर मौजूद सत्येंद्र सूर्यवंशी (27), रामभरोस सारथी (26) और टोनी प्रकाश खूंटे (19), सभी निवासी पकरिया (झूलन), थाना मुलमुला, ने बिना समय गंवाए उन्हें बचाने का प्रयास शुरू कर दिया।
देखते ही देखते तेज धार में बहने लगीं मां-बेटी
बताया जा रहा है कि मां-बेटी नहर में नहा रही थीं। इसी दौरान अचानक उनका संतुलन बिगड़ गया और वे तेज बहाव की चपेट में आ गईं। पानी की धार इतनी तेज थी कि दोनों खुद को संभाल नहीं सकीं और बहने लगीं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए आसपास मौजूद युवकों ने तत्काल मदद के लिए कदम उठाया।
सत्येंद्र सूर्यवंशी, रामभरोस सारथी और टोनी प्रकाश खूंटे ने अपनी सुरक्षा की चिंता किए बगैर नहर में छलांग लगा दी। तेज बहाव के बीच मां-बेटी तक पहुंचना आसान नहीं था। इसके बावजूद तीनों युवकों ने हिम्मत नहीं छोड़ी और काफी मशक्कत के बाद दोनों को पानी से बाहर निकालने में सफल रहे।
तीन युवकों की बहादुरी से टली बड़ी अनहोनी
यदि मौके पर इन युवकों ने तत्परता नहीं दिखाई होती तो स्थिति बेहद गंभीर हो सकती थी। नहर का तेज बहाव मां-बेटी को काफी दूर तक बहाकर ले जा सकता था। लेकिन तीनों युवकों की सूझबूझ, साहस और त्वरित कार्रवाई के चलते दोनों की जान बच गई।
घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली। स्थानीय लोगों ने तीनों युवकों के साहस की जमकर सराहना की। लोगों का कहना है कि संकट की घड़ी में अपनी जान जोखिम में डालकर किसी दूसरे की जिंदगी बचाना वास्तव में मानवता की मिसाल है।
तेज बहाव वाली नहर में सावधानी जरूरी
घटना ने एक बार फिर तेज बहाव वाली नहरों और जलस्रोतों में नहाने के दौरान बरती जाने वाली सावधानी को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। बारिश के मौसम में नहरों में पानी का बहाव अचानक बढ़ जाता है और कई स्थानों पर पानी की गहराई तथा धार का अंदाजा लगाना मुश्किल होता है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से ऐसे स्थानों पर सुरक्षा संबंधी चेतावनी बोर्ड लगाने, लोगों को नहर में नहाने से रोकने और संवेदनशील स्थानों पर निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
फिलहाल पकरिया (झूलन) में हुई इस घटना में तीन युवकों की बहादुरी ने मां-बेटी को नई जिंदगी दी। सत्येंद्र सूर्यवंशी, रामभरोस सारथी और टोनी प्रकाश खूंटे ने यह साबित कर दिया कि सही समय पर उठाया गया एक साहसिक कदम किसी की जिंदगी बचा सकता है।








